राजनयिक-नेता

योग्य शत्रु का सम्मान

अपने गुरु चाणक्य के कुशल मार्गदर्शन में चन्द्रगुप्त मौर्य ने नंद वंश के अंतिम सम्राट घननंद को पराजित कर दिया और मगध का सम्राट बन गया. युद्ध में नंद राज्य के मंत्री और सेनापति या तो मारे गए या बंदी बना लिए गए परन्तु प्रधान अमात्य राक्षस उनके हाथ नहीं आया. अपने स्वामी घननंद के [...]

Categories: राजनयिक-नेता | Tags: | 6s टिप्पणियाँ

जैसा राजा, वैसी प्रजा

ईसापूर्व भारत में मगध के सम्राट बिंबिसार की राजधानी कुशागपुर में थी. एक समय नगरी पर एक विचित्र विपत्ति टूट पड़ी. किसी-न-किसी के घर में रोज़ ही आग लग जाती थी. नगरवासियों के सावधान रहने पर भी कहीं-न-कहीं आग लगती रहती थी. बिंबिसार ने बहुत जांच-पड़ताल करवाई लेकिन आग लगने के कारणों का पता नहीं [...]

Categories: राजनयिक-नेता | Tags: | 6s टिप्पणियाँ

रूज़वेल्ट की चिठ्ठियां

संयुक्त राज्य अमेरिका के 32 वें राष्ट्रपति फ़्रेंकलिन डिलानो रूज़वेल्ट की आदत थी कि जब उनका निजी सचिव कोई पत्र तैयार करके उनके पास हस्ताक्षर के लिए लाता था तो रूज़वेल्ट उसमें कहीं-न-कहीं कुछ संशोधन कर देते थे या पत्र के अंत में पेन से कुछ लिख देते थे. एक बार उन्होंने पत्र में कुछ [...]

Categories: राजनयिक-नेता | Tags: | 4s टिप्पणियाँ

नकली ख़लीफा का न्याय

बग़दाद के ख़लीफा हारून-अल-रशीद अपनी न्यायप्रियता के लिए प्रसिद्द थे. दूर-दूर के देशों तक उनकी ख्याति थी. वे रात को वेश बदलकर नगर में घूमते थे ताकि जनता के दुःख-दर्द का पता लगा सकें. उसी नगर में अली ख्वाज़ा नाम का एक व्यापारी रहता था. उसने हज यात्रा पर जाने का निश्चय किया तो अपना [...]

Categories: राजनयिक-नेता | Tags: , | 12s टिप्पणियाँ

शिवाजी और निर्भीक बालक

साहस और शौर्य के साथ ही गुणग्राहकता और क्षमाशीलता शायद ही किसी शासक में देखी गई हों. परन्तु शिवाजी में ये गुण प्रचुर मात्रा में थे. वे चरित्रनिष्ठ और गुणवान शत्रु का भी आदर करते थे. एक बार मालोजी नाम का एक बालक हाथ में कटार लेकर शिवाजी की हत्या करने के लिए उनके शयनकक्ष [...]

Categories: राजनयिक-नेता | Tags: | 5s टिप्पणियाँ

Blog at WordPress.com. Theme: Adventure Journal by Contexture International. Fonts on this blog.

Follow

Get every new post delivered to your Inbox.

Join 753 other followers