पूर्वज की अस्थियाँ

bonesस्पेन में एक ज़ालिम राजा था जो अपने पूर्वजों पर बहुत गर्व करता था।

एक बार वह अपने किसी प्रान्त में भ्रमण पर गया हुआ था जहाँ वर्षों पहले हुए एक युद्ध में राजा के पिता वीरगति को प्राप्त हो गए थे। ठीक उसी जगह पर राजा ने एक साधू को अस्थियों के ढेर में कुछ ढूंढते हुए देखा।

“तुम यहाँ क्या ढूंढ रहे हो?” – राजा ने पूछा।

“क्षमा करें, महामहिम” – साधू ने कहा – “जब मैंने यह सुना कि आप यहाँ आनेवाले हैं तो मैंने सोचा कि इन अस्थियों के ढेर से मैं आपके पिता की अस्थियाँ ढूंढकर आपको दे दूँ क्योंकि वे आपके लिए बहुत मूल्यवान होंगीं। लेकिन बहुत प्रयास करने पर इस ढेर में मैं उन्हें ढूंढ नहीं पाया क्योंकि:

ये सारी अस्थियाँ आम लोगों, गरीबों, भिखारियों, और गुलामों की हैं।”

3 Comments

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3 Responses to पूर्वज की अस्थियाँ

  1. MANVINDER BHIMBER

    katha ka saar दिल को chu गया …..बहुत sunder

  2. mehek

    bahut marmik kahani.achhi lagi.

  3. सिद्धार्थ जोशी Sidharth Joshi

    मार्मिक कथा…

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